लॉर्ड बुद्धा फाउंडेशन स्कूल, औरंगाबाद में कक्षा 10 के विद्यार्थियों का भव्य विदाई समारोह आयोजित
नवबिहार टाइम्स ब्यूरो
औरंगाबाद। लॉर्ड बुद्धा फाउंडेशन स्कूल नई शिक्षा पद्धति के साथ विद्यार्थियों को आने वाली चुनौतियों को स्वीकार करने तथा निरंतर आगे बढ़ने के गुण सिखाता है। आज के समय में केवल पुस्तकीय ज्ञान पर्याप्त नहीं है, बल्कि व्यवहारिक समझ, निर्णय लेने की क्षमता और आत्मनिर्भरता भी अत्यंत आवश्यक है। यह बातें लॉर्ड बुद्धा फाउंडेशन स्कूल के निदेशक सर्वेश कुमार ने विद्यार्थियों को प्रेरणादायक संदेश देते हुए कही।

निदेशक ने आगे बताया कि विद्यालय में प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी बच्चों को प्रारंभिक स्तर से ही कराई जाती है, जिससे उनमें लक्ष्य के प्रति स्पष्टता और आत्मविश्वास विकसित हो सके। उन्होंने विद्यार्थियों को यह संदेश दिया कि जीवन में लिया गया प्रत्येक निर्णय उनके भविष्य को आकार देता है—यदि निर्णय सही होंगे, तो परिणाम भी सकारात्मक और सफल होंगे। साथ ही उन्होंने विद्यार्थियों को अपने माता-पिता और गुरुओं का सदैव सम्मान करने तथा अपने संस्कार कभी न भूलने की सीख दी।

गौरतलब है कि शनिवार को लॉर्ड बुद्धा फाउंडेशन स्कूल, औरंगाबाद में कक्षा 10 के विद्यार्थियों के सम्मान में एक गरिमामय, भावनात्मक एवं प्रेरणादायक विदाई समारोह का आयोजन किया गया था। इस अवसर पर विद्यालय परिसर आत्मीयता, स्मृतियों और उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाओं से परिपूर्ण रहा। समारोह के दौरान विद्यार्थियों ने मंच से अपने विद्यालयीन जीवन के अनुभव साझा किए। उन्होंने बताया कि किस प्रकार विद्यालय ने उन्हें केवल शैक्षणिक ज्ञान ही नहीं, बल्कि अनुशासन, आत्मविश्वास, नैतिक मूल्यों और जीवन कौशलों से भी समृद्ध किया। विद्यार्थियों ने विद्यालय परिवार के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करते हुए कहा कि यहाँ से प्राप्त शिक्षा और संस्कार उनके जीवन में सदैव मार्गदर्शक बने रहेंगे।

इस अवसर पर निदेशक द्वारा कक्षा 10 के विद्यार्थियों को उपहार स्वरूप एक एग्ज़ाम बोर्ड, कलम एवं विदाई पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया। ये उपहार विद्यार्थियों के प्रति स्नेह, प्रोत्साहन और उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाओं के प्रतीक रहे, जिससे विद्यार्थियों के चेहरे पर विशेष प्रसन्नता देखने को मिली।

कार्यक्रम में विद्यालय के प्रधानाचार्य अमित कुमार सोनी, प्रबंधक राकेश कुमार, इंचार्ज संजीत कुमार, अमर कुमार, वीणा मिश्रा सहित अन्य शिक्षकगण एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। सभी ने विद्यार्थियों को जीवन में निरंतर परिश्रम करने, चुनौतियों से न डरने और विद्यालय का नाम रोशन करने के लिए प्रेरित किया।