नवबिहार टाइम्स संवाददाता
डेहरी ऑन सोन। खुदा की इबादत के लिए रमजान का महीना सबसे पवित्र माना गया है। इसमें लोग अपने पैगंबर की शान में इबादत करते हैं। ज्यादातर मुस्लिम धर्मावलंबी रोजा रखकर अल्लाह पाक का इबादत करते हैं। ऐसे में सासाराम के चौखंडी मोहल्ले की रहने वाली 7 वर्ष की आयात हैदर नामक बच्ची ने इस बार ‘रोजा’ रखकर सबको चौंका दिया। अपने अभिभावक के मना करने के बावजूद सात साल की आयात हैदर ने रमजान के पाक महीने में रोजा रखा है तथा अपने परिजन के साथ नमाज तथा कुरान की तिलावत भी कर रही है। छोटे-छोटे बच्चों को रोजा रखने के लिए दवाब नहीं देना है। इसके बावजूद अपने रहनुमा के लिए आयात हैदर ने रोजा रखा एवं सजदा करने में मशगुल है।
सात साल की बच्ची आयात हैदर की मां वसीम हैदर कहती है कि बच्ची ने काफी ज़िद किया तब जाकर उसे रोजा रखने की परमिशन दी गई है। उसके पिता हैदर अली का कहना है कि रमजान के महीने में अल्लाह पाक की इबादत से किसी को रोका नहीं जा सकता है। अगर बच्ची ने इच्छा जाहिर की है तो हम लोगों ने उसे पूरा होने दिया है। लेकिन बच्ची के हालात एवं स्वास्थ्य पर वह खुद निगरानी रखे हैं। बता दे की 7 वर्षीय बच्ची के रोजा रखने पर इलाके में चर्चा हो रही है। बड़ी बात यह है कि वह रमजान के महीने में विशेष नमाज अता करती है। साथ ही अपने परिजन के साथ कुरान की आयतों के तिलावत भी करती देखी जा रही है। नन्हीं बच्ची आयात कहती है कि रोजा रखने से अल्लाह पाक खुश होते हैं।