शिक्षकों को अद्यतन ज्ञान से रहना होगा पूर्ण : डॉ शंभू
नवबिहार टाइम्स ब्यूरो
औरंगाबाद। शहर के विवेकानंद विज़न आइडियल पब्लिक स्कूल में सीबीएसई द्वारा दो दिवसीय सीपीबी के तहत योग्यता आधारित मूल्यांकन पर प्रशिक्षण आयोजित किया गया। कार्यक्रम का उद्घाटन निदेशक डॉ शंभूशरण सिंह, उपप्राचार्य सूची कुमारी, संसाधनसेवी सारिका कुट्टे, प्रतीक विकास विल्सन से संयुक्त रूप से स्वामी विवेकानंद के तैल चित्र पर पुष्पार्चन व दीप प्रज्ज्वलित कर किया। निदेशक ने अतिथियों को बुके व अंग वस्त्र देकर सम्मानित किया।
निदेशक डॉ शंभू शरण सिंह ने अपने उद्बोधन में कहा कि बदलते माहौल में शैक्षिक वातावरण में भी लगातार बदलाव हो रहे हैं। यह प्रशिक्षण एनईपी 2020 के दृष्टिकोण का आदर्श पूरक है जिसने शिक्षा के लिए एक क्रांतिकारी एजेंडा स्थापित किया है। शिक्षक परीक्षाओं को लागू करके पारंपरिक, रटने पर आधारित शिक्षण पद्धति से हटकर परिणाम आधारित मॉडल अपनाना होगा, जो कौशल अधिग्रहण और निपुणता को प्राथमिकता दे। उनकी क्षमताओं, योग्यताओं और व्यावहारिक ज्ञान का आकलन करके, यह छात्रों को पाठ्यक्रमों को अच्छी तरह से सीखने और अपनी जानकारी का सफलतापूर्वक उपयोग करने की शक्ति प्रदान करे।
इस अवसर पर औरंगाबाद व दाउदनगर के विविध विद्यालयों से पचास शिक्षक शामिल रहें। अलग-अलग सत्रों द्वारा मूल्यांकन के विविध आयामों पर चर्चा की गई। संसाधनसेवी ने कहा कि छात्र के ज्ञान, कौशल और क्षमताओं का परीक्षण विशिष्ट योग्यताओं के अनुसार किया जाता है। इसमें किसी व्यक्ति की कार्य को पूरा करने की क्षमता और किसी विशेष भूमिका में सफल होने की योग्यता का आकलन करने पर विशेष बल दिया जाना चाहिए।
धन्यवाद ज्ञापन निदेशक डॉ सिंह ने किया।