नवबिहार टाइम्स संवाददाता
मसौढ़ी। खाद की किल्लत को लेकर किसानों की परेशानी लगातार बढ़ती जा रही है। सोमवार को मसौढ़ी स्थित बिस्कोमान केंद्र पर खाद वितरण नहीं होने से सैकड़ों किसानों का गुस्सा फूट पड़ा और उन्होंने घंटों हंगामा किया।
किसानों का आरोप है कि बिस्कोमान में पर्याप्त मात्रा में खाद उपलब्ध होने के बावजूद उसका वितरण नहीं किया जा रहा था। आरोप के अनुसार केंद्र के कर्मचारी ताला बंद कर मौके से गायब हो गए, जिससे दूर-दराज के गांवों से पहुंचे किसानों में आक्रोश फैल गया।
बलियारी की उषा देवी, थललपुरा की पूनम देवी, खरांट के रंजीत कुमार, सुधीर चक के गुड्डू कुमार, घोरहुआं के शशि प्रकाश, जगदीशपुर के राजेश कुमार, गोढना के रामप्रवेश प्रसाद एवं राजेश, भदौरा के कुंदन सहित कई गांवों के किसान पिछले तीन दिनों से खाद के लिए बिस्कोमान के चक्कर काट रहे थे। किसानों ने बताया कि उनके कागजात जमा हैं और नंबर भी लगा हुआ है, लेकिन कर्मचारी रोज “आज-कल” कहकर टाल रहे हैं।
किसानों ने आशंका जताई कि खाद की कालाबाजारी करने के उद्देश्य से जानबूझकर वितरण रोका जा रहा है। वहीं खाद वितरण कर्मियों का कहना था कि पोलदार नहीं रहने के कारण वितरण कार्य प्रभावित हुआ।
हंगामे की सूचना मिलने के बाद प्रखंड कृषि पदाधिकारी हर्ष पटेल ने स्थानीय पुलिस एवं वितरण कर्मियों को मौके पर भेजा। पुलिस की मौजूदगी में घंटों इंतजार कर रहे किसानों की लंबी कतार लगाकर खाद का वितरण कराया गया।
किसानों ने चेतावनी दी कि यदि खाद वितरण में पारदर्शिता नहीं लाई गई और कालाबाजारी पर रोक नहीं लगी तो वे उग्र आंदोलन करने को मजबूर होंगे।