डॉक्टर टोली, मैनक टोला और फारसी मोहल्ला समेत कई इलाकों के लोग नाराज, हाईकोर्ट में रिट दायर करने की तैयारी
नवबिहार टाइम्स संवाददाता
मोकामा। मोकामा रेलवे स्टेशन के बाहरी परिसर में रेलवे की ओर से बाउंड्री निर्माण शुरू किए जाने के बाद स्थानीय लोगों में नाराजगी बढ़ गई है। नगर परिषद के कई वार्डों के लोगों को आशंका है कि बाउंड्री बनने से करीब 25 हजार की आबादी का आवागमन प्रभावित हो सकता है। इसको लेकर डॉक्टर टोली, मैनक टोला और फारसी मोहल्ला समेत आसपास के कई इलाकों के लोग विरोध जता रहे हैं। वहीं, स्थानीय लोगों ने इस मामले में पटना हाईकोर्ट में रिट याचिका दायर करने की तैयारी भी शुरू कर दी है।
स्थानीय लोगों के अनुसार, रेलवे स्टेशन के पास रेलवे की जमीन पर बाउंड्री का निर्माण कराया जा रहा है। लोगों का आरोप है कि निर्माण के दायरे में नगर परिषद और बुडको की ओर से बनाए गए नाले को भी शामिल करने की कोशिश की जा रही है। इससे नाले के अस्तित्व और आसपास के लोगों के आवागमन को लेकर चिंता बढ़ गई है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि रेलवे को बाउंड्री का निर्माण कराना है, तो नाले के बाद निर्माण किया जाना चाहिए, ताकि नाले का अस्तित्व बरकरार रहे और लोगों के आने-जाने का रास्ता बाधित न हो। उनका मानना है कि निर्माण की मौजूदा व्यवस्था से आसपास के कई वार्डों के लोगों को रोजमर्रा के आवागमन में परेशानी हो सकती है।
इस मुद्दे को लेकर प्रभावित इलाकों के लोग एकजुट होकर विरोध कर रहे हैं। लोगों का कहना है कि रेलवे की सुरक्षा व्यवस्था जरूरी है, लेकिन इसके साथ ही स्थानीय आबादी की आवाजाही और सार्वजनिक सुविधाओं का भी ध्यान रखा जाना चाहिए।
बाउंड्री निर्माण को लेकर उत्पन्न विवाद के बीच अब सबकी निगाहें रेलवे प्रशासन और नगर परिषद की भूमिका पर टिकी हैं। स्थानीय लोगों को उम्मीद है कि संबंधित विभाग आपसी समन्वय से ऐसा समाधान निकालेंगे, जिससे रेलवे की सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित होने के साथ ही आम लोगों के आवागमन पर भी प्रतिकूल असर न पड़े। फिलहाल, बाउंड्री निर्माण को लेकर स्थानीय स्तर पर विरोध और कानूनी कार्रवाई की तैयारी जारी है।