नवबिहार टाइम्स ब्यूरो
पटना। चुनाव आयोग ने बिहार विधान परिषद की 9 सीटों पर द्विवार्षिक चुनाव तथा 1 सीट पर उपचुनाव की घोषणा कर दी है। सभी 10 सीटों पर 18 जून को मतदान होगा और उसी शाम मतगणना के बाद परिणाम घोषित कर दिए जाएंगे।
यह चुनाव बिहार विधानसभा कोटे की सीटों के लिए हो रहा है। इनमें 9 सीटें संबंधित सदस्यों का छह वर्षीय कार्यकाल समाप्त होने के कारण रिक्त हो रही हैं, जबकि एक सीट पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के इस्तीफे के बाद खाली हुई है।
जानकारी के अनुसार नीतीश कुमार का कार्यकाल मई 2030 तक था। ऐसे में इस सीट पर उपचुनाव जीतने वाले सदस्य को केवल चार वर्ष का कार्यकाल मिलेगा, जबकि अन्य 9 सीटों पर निर्वाचित सदस्य पूरे छह साल के लिए विधान परिषद जाएंगे।
चुनाव कार्यक्रम के अनुसार 1 जून से 8 जून तक नामांकन दाखिल किए जाएंगे। इसके बाद 18 जून को मतदान होगा। बिहार विधानसभा में वर्तमान संख्या बल को देखते हुए भाजपा और जदयू के नेतृत्व वाले एनडीए गठबंधन के 9 सीटें जीतने की संभावना जताई जा रही है, जबकि विपक्ष के खाते में 1 सीट जा सकती है।
चुनाव आयोग की घोषणा के बाद राज्य की राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। विभिन्न दलों में उम्मीदवार चयन को लेकर लॉबिंग शुरू हो गई है। विधानसभा कोटे की इन सीटों पर होने वाले चुनाव को आगामी राजनीतिक समीकरणों के लिहाज से भी काफी अहम माना जा रहा है।