नवबिहार टाइम्स ब्यूरो
धनबाद। धनबाद पुलिस ने अनुसंधान की गुणवत्ता को बेहतर बनाने और मामलों के त्वरित निष्पादन के उद्देश्य से एक नई पहल की है। अब एएसआई रैंक के अधिकारियों को जांच प्रक्रिया, साक्ष्य संकलन और केस डायरी लेखन का विशेष प्रशिक्षण दिया जाएगा। पुलिस केंद्र में शुरू हुए इस कार्यक्रम का पहला बैच शनिवार को आयोजित हुआ, जिसमें 60 अधिकारियों ने भाग लिया।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक प्रभात कुमार, सिटी एसपी ऋत्विक श्रीवास्तव और ग्रामीण एसपी एस. मोहम्मद याकूब के निर्देशन में यह प्रशिक्षण कार्यक्रम प्रत्येक शनिवार को आयोजित किया जाएगा। पहले बैच में 60 एएसआई अधिकारियों को वैज्ञानिक एवं आधुनिक जांच पद्धतियों, साक्ष्य संकलन, केस डायरी लेखन और विवेचना के विभिन्न पहलुओं की विस्तृत जानकारी दी गई। प्रशिक्षण बैचवार होगा और हर बैच में 60 अधिकारियों को शामिल किया जाएगा।
ग्रामीण एसपी एस. मोहम्मद याकूब ने बताया कि जिन एएसआई अधिकारियों की सेवा अवधि 10 वर्ष या उससे अधिक शेष है, उन्हें इस प्रशिक्षण में शामिल किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि बदलते समय के साथ अपराध अनुसंधान के तरीके भी बदले हैं। ऐसे में अधिकारियों को नए कानूनी प्रावधानों, तकनीकी साक्ष्यों और आधुनिक जांच तकनीकों से अपडेट रखना जरूरी है। धनबाद पुलिस का लक्ष्य विवेचना की गुणवत्ता में सुधार लाकर मामलों का त्वरित और कानून सम्मत निष्पादन सुनिश्चित करना है, ताकि आम जनता को बेहतर पुलिस सेवा मिल सके।
धनबाद पुलिस का मानना है कि प्रशिक्षित अनुसंधान अधिकारी न केवल मामलों की निष्पक्ष और प्रभावी जांच सुनिश्चित करेंगे, बल्कि न्यायिक प्रक्रिया को भी मजबूत बनाएंगे। इसी उद्देश्य के साथ यह प्रशिक्षण अभियान नियमित रूप से जारी रहेगा।
धनबाद पुलिस ने अनुसंधान की गुणवत्ता को बेहतर बनाने और मामलों के त्वरित निष्पादन के उद्देश्य से एक नई पहल की है। अब एएसआई रैंक के अधिकारियों को जांच प्रक्रिया, साक्ष्य संकलन और केस डायरी लेखन का विशेष प्रशिक्षण दिया जाएगा। पुलिस केंद्र में शुरू हुए इस कार्यक्रम का पहला बैच शनिवार को आयोजित हुआ, जिसमें 60 अधिकारियों ने भाग लिया।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक प्रभात कुमार, सिटी एसपी ऋत्विक श्रीवास्तव और ग्रामीण एसपी एस. मोहम्मद याकूब के निर्देशन में यह प्रशिक्षण कार्यक्रम प्रत्येक शनिवार को आयोजित किया जाएगा। पहले बैच में 60 एएसआई अधिकारियों को वैज्ञानिक एवं आधुनिक जांच पद्धतियों, साक्ष्य संकलन, केस डायरी लेखन और विवेचना के विभिन्न पहलुओं की विस्तृत जानकारी दी गई। प्रशिक्षण बैचवार होगा और हर बैच में 60 अधिकारियों को शामिल किया जाएगा।
ग्रामीण एसपी एस. मोहम्मद याकूब ने बताया कि जिन एएसआई अधिकारियों की सेवा अवधि 10 वर्ष या उससे अधिक शेष है, उन्हें इस प्रशिक्षण में शामिल किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि बदलते समय के साथ अपराध अनुसंधान के तरीके भी बदले हैं। ऐसे में अधिकारियों को नए कानूनी प्रावधानों, तकनीकी साक्ष्यों और आधुनिक जांच तकनीकों से अपडेट रखना जरूरी है। धनबाद पुलिस का लक्ष्य विवेचना की गुणवत्ता में सुधार लाकर मामलों का त्वरित और कानून सम्मत निष्पादन सुनिश्चित करना है, ताकि आम जनता को बेहतर पुलिस सेवा मिल सके।
धनबाद पुलिस का मानना है कि प्रशिक्षित अनुसंधान अधिकारी न केवल मामलों की निष्पक्ष और प्रभावी जांच सुनिश्चित करेंगे, बल्कि न्यायिक प्रक्रिया को भी मजबूत बनाएंगे। इसी उद्देश्य के साथ यह प्रशिक्षण अभियान नियमित रूप से जारी रहेगा।