नवबिहार टाइम्स ब्यूरो
सासाराम। जिलाधिकारी रोहतास के नेतृत्व में समाहरणालय परिसर से ‘स्वच्छता ही सेवा-2026’ अभियान का शुभारंभ किया गया। कार्यक्रम में चेनारी विधायक मुरारी प्रसाद गौतम, करगहर विधायक बशिष्ठ सिंह, नोखा विधायक नोखा नागेन्द्र चन्द्रवंशी, दिनारा विधायक आलोक सिंह, उप विकास आयुक्त सहित अन्य जिला स्तरीय पदाधिकारी एवं स्वच्छता कर्मी शामिल हुए।
यह अभियान 17 सितंबर से 2 अक्टूबर 2026 (स्वच्छ भारत दिवस) तक पूरे जिले में व्यापक जनभागीदारी के साथ संचालित किया जाएगा। इस वर्ष अभियान का मुख्य विषय “स्वच्छता में सहभाग : स्वच्छ भारत, विकसित भारत” रखा गया है। अभियान का उद्देश्य नागरिकों को स्वच्छता के प्रति जागरूक करना तथा स्वच्छता को सामूहिक जिम्मेदारी के रूप में स्थापित करना है। अभियान के तहत स्वच्छता लक्षित इकाइयों का रूपांतरण, स्वच्छ पाठशाला (स्वच्छता के लिए युवा), सफाई मित्र सुरक्षा एवं सम्मान शिविर, स्वच्छता के लिए जनभागीदारी तथा स्वच्छता से समृद्धि जैसे पांच प्रमुख स्तंभों पर विशेष रूप से कार्य किया जाएगा।
सार्वजनिक स्थानों एवं कचरा संवेदनशील क्षेत्रों को चिह्नित कर उनका कायाकल्प किया जाएगा। विद्यालयों एवं शैक्षणिक संस्थानों में बच्चों और युवाओं को स्वच्छता गतिविधियों से जोड़ा जाएगा। वहीं सफाई मित्रों के स्वास्थ्य परीक्षण, कल्याणकारी योजनाओं से उनका जुड़ाव एवं सम्मान सुनिश्चित किया जाएगा। नागरिकों को स्वैच्छिक श्रमदान के लिए प्रेरित करते हुए कचरे के बेहतर प्रबंधन एवं उसके उपयोग के माध्यम से ‘कचरे से कंचन’ की अवधारणा को बढ़ावा दिया जाएगा।
अभियान के तहत 1 अक्टूबर 2026 को ‘एक दिन, एक घंटा, एक साथ’ कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा, जिसमें नागरिक एक घंटे का समय स्वच्छता के लिए समर्पित करते हुए सामूहिक श्रमदान करेंगे। वहीं 2 अक्टूबर को स्वच्छ भारत दिवस के अवसर पर ग्रामीण क्षेत्रों में विशेष ग्राम सभाओं तथा शहरी क्षेत्रों में विशेष परिषद बैठकों का आयोजन किया जाएगा। इस दौरान ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम, 2026 सहित स्वच्छता से जुड़े विषयों पर चर्चा की जाएगी। इसके अतिरिक्त ‘एक पेड़ माँ के नाम’ अभियान के तहत जिले के ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में व्यापक स्तर पर पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा दिया जाएगा।
जिलाधिकारी दीपक कुमार मिश्रा ने जिलावासियों से अपील की कि ‘स्वच्छता ही सेवा-2026’ अभियान को जनआंदोलन का स्वरूप देने के लिए सभी लोग सक्रिय भागीदारी निभाएं। उन्होंने कहा कि स्वच्छता केवल किसी एक विभाग या व्यक्ति की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि समाज के प्रत्येक नागरिक की साझा जिम्मेदारी है। सामूहिक सहभागिता से ही स्वच्छ, स्वस्थ एवं विकसित समाज का निर्माण संभव है।