नवबिहार टाइम्स संवाददाता
मसौढ़ी। मसौढ़ी सिविल कोर्ट के एडीजे-1 न्यायालय ने दहेज हत्या के एक चर्चित मामले में दोषी पति को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। एडीजे-1 संकेश चंद्रा की अदालत ने सोमवार को मुकेश चौधरी उर्फ संदीप कुमार को दोषी करार देते हुए उम्रकैद के साथ 25 हजार रुपये का अर्थदंड लगाया। जुर्माना नहीं देने पर उसे एक माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
मामला धनरूआ थाना कांड संख्या 409/24 से संबंधित है। अभियोजन के अनुसार, 26 जुलाई 2024 को नालंदा जिले के खोदागंज निवासी विकास चौधरी ने अपनी बहन सोनी कुमारी की हत्या को लेकर प्राथमिकी दर्ज कराई थी। आवेदन में कहा गया था कि सोनी कुमारी की शादी वर्ष 2019 में मुकेश चौधरी उर्फ संदीप कुमार के साथ हिंदू रीति-रिवाज से हुई थी।
शिकायत के मुताबिक, विवाह के कुछ माह बाद से ही ससुराल पक्ष द्वारा दहेज की मांग को लेकर सोनी को प्रताड़ित किया जाने लगा। लगातार मारपीट और उत्पीड़न से परेशान होकर सोनी 21 जुलाई 2024 को पति से अलग होकर देवकली गांव में किराए के मकान में रहने लगी थी। आरोप था कि वहां भी ससुराल पक्ष के लोग उसे धमकाते थे और मकान खाली करने का दबाव बना रहे थे।
अभियोजन के अनुसार, 26 जुलाई 2024 को मुकेश चौधरी, उसके पिता शिवकुमार चौधरी, मां, बहन और भाइयों ने मिलकर सोनी कुमारी की हत्या कर दी। मामले की जांच के बाद पुलिस ने साक्ष्य संकलित कर न्यायालय में आरोपपत्र दाखिल किया।
सुनवाई के दौरान प्रस्तुत साक्ष्यों एवं गवाहों के बयान के आधार पर अदालत ने मुकेश चौधरी उर्फ संदीप कुमार को दहेज हत्या का दोषी पाया और उसे आजीवन कारावास की सजा सुनाई। न्यायालय के इस फैसले को दहेज प्रथा के खिलाफ एक महत्वपूर्ण संदेश के रूप में देखा जा रहा है।