नवबिहार टाइम्स ब्यूरो
नालंदा। बिहार सरकार के उद्योग विभाग एवं विज्ञान, प्रौद्योगिकी और तकनीकी शिक्षा विभाग के संयुक्त तत्वावधान में नालंदा इंजीनियरिंग कॉलेज, चंडी परिसर में स्टार्टअप बिहार विचार प्रशिक्षण शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में विद्यार्थियों को अपने नवाचारी विचारों को स्टार्टअप के रूप में विकसित करने और सरकारी योजनाओं का लाभ लेने की जानकारी दी गयी।
उद्योग विभाग के महाप्रबंधक धनजी कुमार ने बताया कि शिविर का उद्देश्य युवा विद्यार्थियों की छिपी प्रतिभा को सामने लाना और उनके नवाचारी विचारों को सफल स्टार्टअप में बदलने के लिए जरूरी मार्गदर्शन देना है। प्रशिक्षण के दौरान छात्रों को स्टार्टअप की शुरुआत से जुड़ी विभिन्न प्रक्रियाओं और उपलब्ध वित्तीय सहायता के बारे में जानकारी दी गयी।
कार्यक्रम की शुरुआत कॉलेज के प्राचार्य प्रो. गोपाल नंदन, जिला उद्योग केंद्र के परियोजना प्रबंधक बिजेंद्र कुमार सिंह और उद्योग विस्तार पदाधिकारी पूजा कुमारी ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर की। प्राचार्य ने कहा कि युवाओं के पास तकनीकी क्षमता और नए विचार हैं। जरूरत है कि इन विचारों को सही दिशा देकर व्यावसायिक रूप दिया जाए। उन्होंने विद्यार्थियों से प्रशिक्षण शिविर का अधिक से अधिक लाभ उठाने की अपील की।
जिला उद्योग केंद्र के परियोजना प्रबंधक बिजेंद्र कुमार सिंह ने विद्यार्थियों को बिहार सरकार की बिहार स्टार्टअप नीति के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने कहा कि पात्र युवाओं को उनके व्यावसायिक विचार पर 10 लाख रुपये तक का ब्याजमुक्त बीज अनुदान और अन्य वित्तीय सहायता उपलब्ध कराने का प्रावधान है। उन्होंने योजना से जुड़ने की प्रक्रिया के बारे में भी जानकारी दी। उद्योग विस्तार पदाधिकारी पूजा कुमारी ने स्टार्टअप पंजीकरण की प्रक्रिया समझायी। साथ ही महिला उद्यमियों के लिए उपलब्ध विशेष प्रोत्साहनों के बारे में भी बताया। उन्होंने कहा कि स्टार्टअप के माध्यम से युवा केवल व्यवसाय ही नहीं, बल्कि समाज की विभिन्न समस्याओं के समाधान के लिए भी काम कर सकते हैं।
प्रशिक्षण शिविर में विशेषज्ञों ने विद्यार्थियों को विचार प्रमाणीकरण, बिजनेस मॉडल तैयार करने और उपलब्ध अनुदान के अवसरों जैसे विषयों की जानकारी दी। छात्रों को यह भी समझाया गया कि किसी नए विचार को बाजार की जरूरत के अनुरूप किस तरह विकसित किया जा सकता है। अंत में संवाद सत्र का आयोजन हुआ, जिसमें विद्यार्थियों ने अपने नए और रचनात्मक विचार विशेषज्ञों के सामने रखे। अतिथियों ने विद्यार्थियों को बेहतर विचारों के साथ स्टार्टअप बिहार पोर्टल पर पंजीकरण कराने के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम में कॉलेज के सैकड़ों छात्र-छात्राओं के साथ प्राध्यापक भी मौजूद रहे।