नवबिहार टाइम्स ब्यूरो
औरंगाबाद। विद्या निकेतन ग्रुप आफ स्कूल्स के विद्या निकेतन, किड्ज वर्ल्ड (भखरुआं मोड़), किड्ज वर्ल्ड (बाजार ब्रांच) दाउद्नगर एवं संस्कार विद्या के नॉलेज सिटी (लीला चक) के प्रांगण में स्वामी विवेकानंद जयंती समारोह बड़े हीं धूमधाम से मनाया गया। विद्या निकेतन में सीएमडी सुरेश कुमार गुप्ता, किड्ज वर्ल्ड (भखरुआं मोड़), प्रांगण में डिप्टी सीईओ इंजीनियर विद्यासागर, प्राचार्य मोहम्मद् मोज़ाहिर आलम, संस्कार विद्या के प्रांगण में सीईओ आनंद प्रकाश, प्राचार्य ए के मिश्रा एवं किड्ज वर्ल्ड बाजार ब्रांच के पावन प्रांगण में विनीता कश्यप (प्राचार्य) ने स्वामी विवेकानंद जी के चित्र पर माल्यार्पण एवं पूजा अर्चना कर कार्यक्रम की धूमधाम से शुरुआत की।
इस अवसर पर चारों विद्यालयों के प्रत्येक कक्षाओं में स्वामी विवेकानंद जी के बताए आदर्शो पर वाद-विवाद प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। कक्षा द्वितीय से लेकर पंचम तक के विद्यार्थियों के बीच लेखन प्रतियोगिता एवं वाद-विवाद प्रतियोगिता का आयोजन किया गया, जिसमें बच्चों ने स्वामी विवेकानंद जी के आदर्शों का वर्णन किया।
सीएमडी सुरेश कुमार गुप्ता ने कहा कि स्वामी विवेकानंद युवाओं के लिए प्रेरणा स्रोत रहे हैं, उन्होंने जीरो (0) से लेकर अनंत तक के सफर को बड़े ही सरल अंदाज में हंसते-मुस्कुराते हुए चित्रण किया और बताये कि आदमी जीरो (0) से लेकर अनंत तक के सफर को कैसे पूर्ण कर सकता है और ऊंचाइयों तक बढ़ सकता है।
डिप्टी सीईओ इंजीनियर विद्यासागर ने कहा कि आज के युवा “स्वामी विवेकानंद” के बताए मार्गों पर चलकर नित्य नए आयाम प्रस्तुत कर रहे हैं और उनके चेहरे की आभा और उनके तेज और उनके कुशाग्र बुद्धि को अपनाते हुए युवा देश को बहुत उच्च शिखर पर ले जाने में सफल रहे हैं।
सीईओ आनंद प्रकाश ने बोलते हुए कहा कि कि आज बदलते परिवेश में छात्र-छात्राएं काफी कुशाग्र बुद्धि और तेज लिए हुए पठन-पाठन का कार्य कर रहे हैं। बच्चों को स्वामी विवेकानंद जी के आदर्शों और उनके कुशल-बुद्धि की झलक मात्र दिखाने की जरूरत है, बच्चे उनके झलक को पकड़ के जीवन में आगे बढ़ने का प्रेरणा ग्रहण करेंगे और हम सभी विद्यालय प्रबंधन बच्चों को नित-नये ऊंचाइयों तक ले जाने में सफल भी रहे हैं और आगे भी प्रयास जारी रहेगा।
प्राचार्य “वीनीता कश्यप” ने कहा कि हमारे ये नव-निहाल छात्र-छात्राएं जीवन के ऊंचाइयों की ओर बढ़ने के लिए आधारशिला प्राप्त कर रहे हैं और यही बच्चे देश के तकदीर और तस्वीर बदलने में सहायक होंगे और यह बच्चे स्वामी विवेकानंद के आदर्शों को अपनाते हुए बहुत दूर तक यानी चांद पर जाने का सपना साकार करेंगे। हमें स्वामी विवेकानंद जी के बताए हुए आदर्श का पालन करना चाहिए और जीवन में कभी भी पीछे मुड़कर नहीं देखना चाहिए। जीवन में काफी कठिन दौर से भी लोगों को गुजरना पड़ता है लेकिन स्वामी विवेकानंद सिखाया की कठिन दौर ही हमारे लिए सुलभ रास्ता भी लेकर आता है और सुलभ रास्ता प्राप्त कर आगे बढ़ने का उन्नत मार्ग प्राप्त होता है।
इस अवसर पर चारों विद्यालय के शिक्षक-शिक्षिकाये, विद्या निकेतन के प्राचार्य सरयू प्रसाद तांती, प्रशासक संदीप कुमार तांती, सुमित कुमार सोनी, राजेश पांडे, रमा रानी जैन, गिरजा ठाकुर, सुरेश प्रसाद, सुमन कुमारी, गिरजा ठाकुर, अर्चना ओझा, निरमा कुमारी, विभा कुमारी, शिवानी कुमारी, प्रीन्सी कुमारी, माही मजहबी, प्रज्ञा पटेल, अनुराधा कुमारी, लीलावती, सुरेश प्रसाद, अमरेंद्र कुमार, मोहम्मद मुजाहिर् आलम, एके मिश्रा, सूर्य भूषण सिंह, शशि भूषण दुबे, सुहानी सिंह, मनिशा कुमारी, लेखापाल रामानुज दुबै, रिया कुमारी, रौशन कुमार मौजूद रहे।