नवबिहार टाइम्स ब्यूरो
दुमका। राज्य की पुलिस महानिदेशक तदाशा मिश्रा आज उपराजधानी दुमका पहुंची। अपराध नियंत्रण, विधि-व्यवस्था तथा आगामी श्रावणी मेला 2026 की तैयारियों को लेकर समाहरणालय में उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की। पुलिस महानिरीक्षक अभियान एन के सिंह, पुलिस महानिरीक्षक सीआईडी अजय लिंडा, पुलिस महानिरीक्षक संताल परगना मयूर पटेल कन्हैयालाल, पुलिस उपमहानिरीक्षक अम्बर लकड़ा के अलावा संताल परगना प्रमंडल के सभी जिलों के पुलिस अधीक्षक भी बैठक में उपस्थित रहे।
अपराध नियंत्रण, लंबित कांडों के निष्पादन, वारंटों के तामीला, फरार अपराधियों की गिरफ्तारी, साइबर अपराध, मादक पदार्थों की तस्करी एवं संगठित अपराध पर प्रभावी कार्रवाई पर चर्चा हुई।, वहीं श्रावणी मेला 2026 के दौरान बाबा बैद्यनाथ धाम और बाबा बासुकिनाथ धाम सहित सभी प्रमुख धार्मिक स्थलों पर सुरक्षा व्यवस्था, भीड़ प्रबंधन, यातायात नियंत्रण एवं श्रद्धालुओं की सुविधाओं को लेकर भी की गई तैयारी की बिंदुवार समीक्षा की गयी।
बैठक से पूर्व उन्होंने बासुकीनाथ धाम में बाबा फौजदारी नाथ में पूजा अर्चना की। डीजीपी ने बाबा फौजदारीनाथ मंदिर गर्भगृह में जलाभिषेक एवं मंदिर प्रांगण स्थित दसमहाविद्या देवी की विधिवत पूजा-अर्चना की और आरती में भाग लेकर आशीर्वाद प्राप्त किया।
पूजा-अर्चना के उपरांत संतालपरगना प्रक्षेत्र के डीआईजी अंबर लकड़ा एवं दुमका के पुलिस अधीक्षक पीतांबर सिंह खेरवार ने बाबा फौजदारीनाथ का प्रतीकात्मक चित्र भेंट कर डीजीपी का सम्मान किया।
डीजीपी तदाशा मिश्रा ने दुमका के पुलिस अधीक्षक से श्रावणी मेले की व्यवस्था संबंधी जानकाारी ली। उन्होंने कांवरिया पथ का भी अवलोकन किया। उन्होंने कहा कि श्रावणी मेला में आने वाले लाखों श्रद्धालुओं की सुरक्षा तथा सुगमतापूर्वक जलार्पण सुनिश्चित कराना पुलिस विभाग की पहली प्राथमिकता होगी। मेले के दौरान श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए अधिकारियों के साथ विस्तृत समीक्षा की जा रही है।यदि किसी प्रकार की कमी रह गई है, तो उसे समय रहते दूर किया जायेगा। उन्होंने बताया कि पूरे सावन माह में पर्याप्त संख्या में पुलिस बल की तैनाती रहेगी और आधुनिक तकनीक का भी उपयोग किया जायेगा।