आरपीएफ ने ऑपरेशन WILEP के तहत की कार्रवाई, आरपीएफ ने वन विभाग को सौंपे सभी कछुए
नवबिहार टाइम्स ब्यूरो
धनबाद। झारखंड राज्य के धनबाद के गोमो रेलवे स्टेशन पर आरपीएफ ने वन्यजीव तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। ऑपरेशन WILEP के तहत योग नगरी ऋषिकेश से हावड़ा जा रही दून एक्सप्रेस के जनरल कोच से 48 जिंदा कछुए बरामद किए गए हैं। कछुओं को तीन थैले और एक बैग में भरकर लावारिस हालत में छोड़ दिया गया था। तलाशी के दौरान कछुओं के मिलने के बाद आरपीएफ ने सभी को जब्त कर वन विभाग के सुपुर्द कर दिया है। वहीं, कछुओं को छोड़कर फरार होने वाले व्यक्ति की पहचान अब तक नहीं हो सकी है।
धनबाद के गोमो रेलवे स्टेशन पर आरपीएफ की कार्रवाई में 48 जिंदा कछुए बरामद किए गए हैं। दरअसल, 11 और 12 सितंबर की दरम्यानी रात ट्रेन संख्या 13010 योग नगरी ऋषिकेश-हावड़ा दून एक्सप्रेस में गया से धनबाद तक आरपीएफ का मार्गरक्षण दल तैनात था। इसी दौरान ट्रेन के जनरल कोच की जांच की जा रही थी। जांच के दौरान तीन थैले और एक बैग, यानी कुल चार सामान लावारि अवस्था में मिले। आरपीएफ ने आसपास मौजूद यात्रियों से सामान के बारे में पूछताछ की, लेकिन किसी ने भी इन पर अपना दावा नहीं किया।
संदेह होने पर आरपीएफ ने बैग और थैलों की तलाशी ली। तलाशी के दौरान इनके अंदर Indian Flapshell यानी Lissemys punctata प्रजाति के कुल 48 जीवित कछुए बरामद हुए।इसके बाद आरपीएफ के उप निरीक्षक मोहम्मद शाकिब आलम ने गोमो स्टेशन के प्लेटफॉर्म संख्या दो पर सभी कछुओं को नियमानुसार जब्त किया और आरपीएफ पोस्ट पर लाया गया।
कछुओं को वन्यजीव संरक्षण अधिनियम 1972 के तहत संरक्षण देते हुए आगे की कार्रवाई के लिए वन विभाग को सौंप दिया गया। फिलहाल कछुओं को लावारिस छोड़कर जाने वाले व्यक्ति की पहचान नहीं हो सकी है। आरपीएफ मामले में आगे की कार्रवाई कर रही है।