नवबिहार टाइम्स ब्यूरो
पटना। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में शुक्रवार को लोक सेवक आवास स्थित संकल्प सभागार में पंचायती राज विभाग की समीक्षा की गई। उन्होंने जलमीनारों पर सोलर पैनल की क्षमता बढ़ाने का निर्देश दिया। कहा कि प्रस्तावित पांच किलोवाट की जगह अब 20 किलोवाट क्षमता के सोलर पैनल लगाया जाए, ताकि इस व्यवस्था का अधिकाधिक लाभ स्थानीय लोगों को मिल सके। उन्होंने अधिकारियों को इस दिशा में आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। बैठक में पंचायती राज मंत्री दीपक प्रकाश भी उपस्थित थे।
समीक्षा के दौरान मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि पंचायत सरकार भवनों के निर्माण कार्य में तेजी लाएं। इन भवनों के बेहतर रखरखाव एवं नियमित देखरेख की व्यवस्था सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि पंचायत सरकार भवनों का निर्माण करने वाले संवेदकों को ही इनके मेंटेनेंस की जिम्मेदारी दी जाए। इसके लिए संवेदकों की जवाबदेही (लायबिलिटी) स्पष्ट करते हुए एक प्रभावी मैकेनिज्म तैयार करें।
पंचायत सरकार भवनों के सोलराइजेशन को निर्माण के एस्टीमेट में ही इनबिल्ट करें। इस कार्य को 15वें वित्त आयोग एवं सप्तम राज्य वित्त आयोग से भी जोड़ें, ताकि इसके लिए समय पर आवश्यक धनराशि उपलब्ध हो सके और कार्य तेजी से आगे बढ़े। उन्होंने कहा कि पंचायतों में बिजली आपूर्ति की स्थिति की जानकारी संबंधित जनप्रतिनिधियों को नियमित रूप से मिलनी चाहिए। इसके लिए एक डेडिकेटेड टीम गठित करें, जो पंचायत के मुखिया, विधायक एवं सांसद सहित सभी संबंधित जनप्रतिनिधियों के डेडिकेटेड मोबाइल नंबर पर उनके क्षेत्र की प्रत्येक पंचायत में प्रतिदिन कितने घंटे बिजली की आपूर्ति हो रही है, इसकी जानकारी उन्हें मिल सकें। बैठक में पंचायती राज विभाग के सचिव मनोज कुमार ने विभाग की प्रस्तावित योजनाओं एवं उनके क्रियान्वयन से संबंधित विभिन्न पहलुओं पर मुख्यमंत्री के समक्ष विस्तृत प्रस्तुतीकरण दिया।