यूएलए योजना के तहत 1 नवंबर तक सोलर संयंत्रों की स्थापना पूर्ण करने का लक्ष्य
बेताब अहमद
सासाराम। प्रधानमंत्री सूर्य घर: मुफ्त बिजली योजना के तहौत अधिक से अधिक उपभोक्ताओं को रूफटॉप सोलर संयंत्र स्थापित करने के लिए प्रोत्साहित करने तथा उन्हें अनुदान एवं ऋण की सुविधा उपलब्ध कराने के उद्देश्य से जिलाधिकारी रोहतास दीपक कुमार मिश्र की अध्यक्षता में शनिवार को समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में विद्युत कार्यपालक अभियंता, सासाराम ई. ब्रवीम, विद्युत कार्यपालक अभियंता, डेहरी ई. संतोष कुमार सहित अन्य संबंधित पदाधिकारी उपस्थित रहे। बैठक में जिलाधिकारी ने योजना की प्रगति की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को पात्र उपभोक्ताओं तक योजना का लाभ पहुंचाने, लंबित आवेदनों का शीघ्र निष्पादन करने तथा व्यापक प्रचार-प्रसार के माध्यम से जन-जागरूकता बढ़ाने का निर्देश दिया। उन्होंने विशेष रूप से अधिक बिजली खपत करने वाले उपभोक्ताओं को रूफटॉप सोलर अपनाने के लिए प्रेरित करने पर जोर दिया।
कुटीर ज्योति योजना के तहत 4,225 घरों में सोलर संयंत्र स्थापित
जिलाधिकारी ने बताया कि रोहतास जिले में कुटीर ज्योति योजना (यूएलए) के अंतर्गत कुल 7,097 उपभोक्ताओं के परिसरों में 1.1 किलोवाट क्षमता के सोलर संयंत्र स्थापित करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इसके विरुद्ध 5,245 उपभोक्ताओं की छतों पर सोलर संयंत्र लगाने के लिए आवश्यक संरचना स्थापित की जा चुकी है, जबकि 1,074 परिसरों में इन्वर्टर लगाए जा चुके हैं। अब तक कुल 4,225 उपभोक्ताओं की छतों पर सोलर संयंत्रों का अधिष्ठापन पूरा किया जा चुका है। शेष उपभोक्ताओं के यहां स्थापना कार्य में तेजी लाने का निर्देश दिया गया। इस योजना के तहत सोलर संयंत्रों का अधिष्ठापन कार्य 1 नवंबर तक पूरा करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
प्रधानमंत्री सूर्य घर योजना के तहत 532 घरों में अधिष्ठापन पूर्ण
प्रधानमंत्री सूर्य घर: मुफ्त बिजली योजना के अंतर्गत रोहतास जिले में कुल 14,000 रूफटॉप सोलर संयंत्र स्थापित करने का लक्ष्य निर्धारित है। इसके विरुद्ध अब तक 2,374 आवेदन प्राप्त हुए हैं तथा 532 उपभोक्ताओं की छतों पर सोलर पैनल स्थापित किए जा चुके हैं। बता दें की विद्युत आपूर्ति अवर प्रमंडल सासाराम शहरी में 91, सासाराम ग्रामीण में 54, बिक्रमगंज में 67, कोचस में 86, डेहरी-1 में 159, नासरीगंज में 37 तथा डेहरी-2 में 38 सोलर संयंत्र स्थापित किए जा चुके हैं। जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि निर्धारित लक्ष्य की प्राप्ति के लिए समन्वित प्रयास किए जाएं तथा अधिक से अधिक पात्र घरेलू उपभोक्ताओं को आवेदन करने के लिए प्रेरित किया जाए।
98,000 तक अनुदान और 5.75 प्रतिशत ब्याज पर ऋण की सुविधा
योजना के तहत पात्र घरेलू उपभोक्ताओं को केंद्र सरकार की ओर से अधिकतम 78,000 तथा बिहार सरकार की ओर से अधिकतम 20,000 की वित्तीय सहायता उपलब्ध कराने का प्रावधान है। इस प्रकार, निर्धारित पात्रता एवं शर्तों के अनुसार उपभोक्ताओं को रूफटॉप सोलर संयंत्र की क्षमता के आधार पर अधिकतम 98,000 तक अनुदान मिल सकता है। एक किलोवाट क्षमता के संयंत्र पर कुल 40,000, दो किलोवाट पर 80,000 तथा तीन किलोवाट या उससे अधिक क्षमता के संयंत्र पर निर्धारित अधिकतम सीमा के अनुसार 98,000 तक वित्तीय सहायता का प्रावधान है। इसके अतिरिक्त, पात्र उपभोक्ताओं को सोलर संयंत्र स्थापित करने के लिए बैंकों के माध्यम से 5.75 प्रतिशत रियायती ब्याज दर पर ऋण की सुविधा भी उपलब्ध कराई जा रही है। ऋण का भुगतान 4 से 5 वर्ष की अवधि में किया जा सकता है, जिससे घरेलू उपभोक्ताओं के लिए सौर ऊर्जा अपनाना अधिक सुविधाजनक होगा।
सोलर संयंत्र से बिजली बिल में होगी बचत
बैठक में सोलर संयंत्रों से होने वाले बिजली उत्पादन की जानकारी देते हुए बताया गया कि सामान्य परिस्थितियों में एक किलोवाट क्षमता का संयंत्र प्रतिदिन लगभग 4 यूनिट और प्रतिमाह 120 यूनिट, दो किलोवाट का संयंत्र प्रतिदिन 8 यूनिट और प्रतिमाह 240 यूनिट तथा तीन किलोवाट का संयंत्र प्रतिदिन 12 यूनिट और प्रतिमाह 360 यूनिट बिजली का उत्पादन कर सकता है। इसी प्रकार, चार किलोवाट का संयंत्र प्रतिमाह लगभग 480 यूनिट तथा पांच किलोवाट का संयंत्र प्रतिमाह लगभग 600 यूनिट बिजली उत्पन्न कर सकता है। वास्तविक उत्पादन धूप, मौसम और संयंत्र की स्थिति पर निर्भर करेगा जिलाधिकारी ने कहा कि प्रधानमंत्री सूर्य घर: मुफ्त बिजली योजना बिजली बिल में कमी लाने के साथ-साथ स्वच्छ एवं नवीकरणीय ऊर्जा को बढ़ावा देने और ऊर्जा आत्मनिर्भरता की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है। उन्होंने अधिकारियों को योजना के व्यापक प्रचार-प्रसार, लंबित आवेदनों के निष्पादन तथा सोलर संयंत्रों की स्थापना में तेजी लाने के निर्देश दिए। जिला प्रशासन एवं विद्युत विभाग ने सभी पात्र उपभोक्ताओं से अपील की है कि प्रधानमंत्री सूर्य घर: मुफ्त बिजली योजना का लाभ उठाएं। रूफटॉप सोलर अपनाकर उपभोक्ता बिजली बिल में बचत करने के साथ स्वच्छ एवं टिकाऊ ऊर्जा को बढ़ावा देने में भी अपना योगदान दे सकते हैं।