नवबिहार टाइम्स ब्यूरो
गोपालगंज। माटी की खुशबू को शब्दों में पिरोने वाले गोपालगंज करवतही के रचनाकार सर्वेश तिवारी के उपन्यास ‘पुण्यपथ’ को राष्ट्रीय फलक पर बड़ी पहचान मिली है। इफको युवा साहित्य सम्मान-2026 की घोषणा के साथ ही उनकी साधना और सृजन को एक नया मुकाम मिला है। बिहार के साहित्य जगत के लिए यह गौरव का विषय है कि गांव की गलियों से निकला एक उपन्यास आज देश की राजधानी तक गूंज रहा है। यह संघर्ष और प्रतिभा की एक बड़ी जीत है।
युवा साहित्यकार सर्वेश तिवारी के उपन्यास ‘पुण्यपथ’ को इफको युवा साहित्य सम्मान-2026 के लिए चुना गया है। यह बिहार के किसी लेखक को पहली बार मिला यह सम्मान यह साबित करता है कि लगन और सच्ची लेखनी हो, तो छोटे गांव से निकलकर भी राष्ट्रीय स्तर पर अपनी धाक जमाई जा सकती है। नई दिल्ली में हुई इस घोषणा से पूरे जिले के साहित्यप्रेमियों में खुशी की लहर है। छोटे से गांव के एक रचनाकार ने पूरे देश में बिहार का मान बढ़ाया है।
वरिष्ठ साहित्यकार श्रीभगवान सिंह की अध्यक्षता वाली निर्णायक समिति ने इसकी घोषणा की। यह पहला अवसर है जब बिहार के किसी रचनाकार को यह सम्मान प्राप्त हुआ है। पुरस्कार की शुरुआत इफको द्वारा वर्ष 2024 में की गई थी। इस उपलब्धि से ग्रामीण अंचल में हर्ष का वातावरण है। सर्वेश तिवारी के उपन्यास ‘पुण्यपथ’ का प्रकाशन वर्ष 2021 में हुआ था। यह उपन्यास वर्ष 2021 और 2022 में बेस्टसेलर के रूप में अपनी पहचान बना चुका है। अब इसी कृति के लिए इफको युवा साहित्य सम्मान के चयन ने उनकी साहित्यिक यात्रा को नई उपलब्धि दी है।
उनकी रचनाओं में भारतीय परंपरा, संस्कृति और सांस्कृतिक राष्ट्रवाद जैसे विषय प्रमुखता से उभरते हैं। ‘पुण्यपथ’ के अलावा उनकी ‘परत’ और ‘पूर्णाहुति’ जैसी रचनाएं भी साहित्य जगत में चर्चित रही हैं। करवतही गांव निवासी सर्वेश तिवारी अहियापुर स्थित प्राथमिक विद्यालय में विशिष्ट शिक्षक के रूप में कार्यरत हैं। शिक्षण कार्य के साथ साहित्य लेखन में सक्रिय रहकर उन्होंने अपनी अलग पहचान बनाई है। उनका चयन स्थानीय स्तर पर भी साहित्य और शिक्षा से जुड़े लोगों के लिए गर्व का विषय बना है।
सर्वेश तिवारी ने कहा कि इफको युवा साहित्य सम्मान उनके साहित्यिक प्रयासों और मेहनत को मिली स्वीकृति है। यह सम्मान उनके लिए उत्साह बढ़ाने वाला है। उन्होंने इस उपलब्धि के लिए अपने शुभचिंतकों, साहित्यकार मित्रों और अभिभावकों के प्रति आभार व्यक्त किया।