बेताब अहमद
सासाराम। सोन नदी के विकराल रूप और बढ़ते खतरे को देखते हुए प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद हो गया है। सोन नदी के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए गुरुवार देर रात जिला पदाधिकारी ने डेहरी क्षेत्र और कैनाल का स्थलीय निरीक्षण किया।
इस दौरान अधिकारियों को कड़ी चेतावनी दी गई है कि वे किसी भी लापरवाही से बचें और पूरी तरह कैंप मोड में मुस्तैद रहें। जल प्रवाह में हो रहे बदलावों पर लगातार नजर रखने और किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए तुरंत कदम उठाने के निर्देश दिए गए।
सिंचाई विभाग के अनुसार, इंद्रपुरी बराज के सभी 69 गेट खोले गए हैं और वहां से 3,90,232 क्यूसेक पानी डिस्चार्ज किया जा रहा है। हालांकि जलस्तर में आंशिक कमी दर्ज हो रही है, फिर भी प्रशासन ने संवेदनशील और निचले इलाकों में विशेष सतर्कता बरतने की अपील की है। निरीक्षण के दौरान डेहरी के अनुमंडल पदाधिकारी और सिंचाई विभाग के तमाम प्रमुख अभियंता मौजूद रहे, जो लगातार स्थिति पर अपनी नजर बनाए हुए हैं।