नवबिहार टाइम्स संवाददाता
मोकामा। डुमरा-जंजीरा दियारा में बाढ़ पीड़ितों की राहत व्यवस्था का जायजा लेकर सिमरिया धाम लौट रहे एसडीएम समेत आठ अधिकारियों एवं कर्मियों की मोटरबोट गंगा की बीच धारा में तकनीकी खराबी के कारण फंस गई। मोटर बंद होने से तेज बहाव में नाव बहने लगी, जिससे अधिकारियों में अफरातफरी मच गई। करीब 55 मिनट बाद एसडीआरएफ की टीम ने सभी को सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
जानकारी के अनुसार, बाढ़ प्रभावित डुमरा-जंजीरा दियारा में राहत व्यवस्था का निरीक्षण करने गई अधिकारियों की टीम लौट रही थी। इसी दौरान मोटरबोट में अचानक तकनीकी खराबी आ गई। मोटर बंद होते ही नाव तेज धारा में बहने लगी। घटना की सूचना तत्काल पटना और बेगूसराय जिला प्रशासन को दी गई, जिसके बाद पटना से एसडीआरएफ की टीम को मौके पर भेजा गया।
मोटरबोट पर बाढ़ एसडीएम कृष्णा जोशी, उनके सुरक्षा गार्ड, मोकामा बीडीओ रवि कुमार, सीओ लवली कुमारी, पचमहला अवर थानाध्यक्ष संतोष कुमार यादव समेत अंचल के कर्मी सवार थे। सूचना मिलने के बाद बरौनी सीओ हेमंत अंकुर और पचमहला थानाध्यक्ष विनोद कुमार की सक्रियता से राहत एवं बचाव की कार्रवाई तेज की गई।
करीब 55 मिनट तक गंगा की तेज धारा में फंसे रहने के बाद एसडीआरएफ की टीम ने सभी अधिकारियों एवं कर्मियों को सुरक्षित निकाल लिया। घटना के बाद प्रशासनिक अधिकारियों ने राहत की सांस ली।
बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में गंगा का जलस्तर बढ़ने से तेज धार बनी हुई है। मोकामा के जंजीरा दियारा और आसपास के इलाकों में बाढ़ की स्थिति गंभीर बनी हुई है, जहां प्रशासन द्वारा राहत एवं बचाव कार्य चलाया जा रहा है।