मायके वालों ने ससुराल पक्ष पर तीन लाख रुपये दहेज मांगने और जहर देकर हत्या का लगाया आरोप, सास हिरासत में
नवबिहार टाइम्स संवाददाता
कौआकोल। कौआकोल थाना क्षेत्र की सरौनी पंचायत के प्रभानगर गांव स्थित नयकाडीह टोला में शनिवार की देर रात एक 18 वर्षीय विवाहिता की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। मृतका की पहचान नयकाडीह निवासी सुविता कुमारी, पति गोलू कुमार के रूप में हुई है। परिजनों के अनुसार, सुविता के गर्भ में करीब चार माह का बच्चा भी था। घटना के बाद गांव में तरह-तरह की चर्चाएं हैं।
जानकारी के अनुसार, सुविता की शादी करीब 14 माह पूर्व गोलू कुमार, पिता प्रमोद चौधरी के साथ हुई थी। बताया जाता है कि उसका पति बाहर रहकर काम करता था। शनिवार की देर रात विवाहिता की मौत की सूचना मिलने के बाद परिवार में कोहराम मच गया।
घटना की सूचना मिलने पर रविवार की सुबह कौआकोल थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का जायजा लेते हुए मामले की जांच शुरू की। अपर थानाध्यक्ष अविनाश कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम ने आवश्यक कार्रवाई की तथा शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए नवादा भेज दिया।
इधर, मृतका की मां संजू देवी, पति रामाशीष चौधरी, निवासी रेवार गांव, थाना धमौल, प्रखंड पकरीबरावां, सहित अन्य मायके वालों का रो-रोकर बुरा हाल है। मृतका की मां ने कौआकोल थाना में लिखित आवेदन देकर ससुर प्रमोद चौधरी, सास सानू देवी एवं पति गोलू चौधरी पर गंभीर आरोप लगाए हैं। आवेदन में तीन लाख रुपये दहेज की मांग करने और मांग पूरी नहीं होने पर सुविता को प्रताड़ित करने का आरोप लगाया गया है। मायके वालों ने आशंका जताई है कि सुविता को कथित रूप से जहर देकर उसकी हत्या की गई है।
परिजनों ने मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। घटना के बाद पुलिस ने मृतका की सास सानू देवी को हिरासत में लिया है। पुलिस द्वारा उससे पूछताछ किए जाने की बात सामने आई है।
हालांकि, विवाहिता की मौत किन परिस्थितियों में हुई, यह अभी स्पष्ट नहीं हो सका है। मायके वालों द्वारा लगाए गए आरोपों की भी पुलिस जांच कर रही है। मौत का वास्तविक कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा। पुलिस घटनास्थल से मिले साक्ष्यों, परिजनों के बयान और अन्य तथ्यों के आधार पर मामले की पड़ताल कर रही है।
थानाध्यक्ष अनिल कुमार सिंह ने बताया कि पुलिस मामले के सभी पहलुओं की गहनता से जांच कर रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।