नवबिहार टाइम्स ब्यूरो
गोपालगंज। गोपालगंज में रिश्तों के कत्ल का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। गर्लफ्रेंड का जन्मदिन मनाने की जिद और प्यार का झांसा एक युवक की जिंदगी पर भारी पड़ गया। घर से खुशी-खुशी निकले 31 वर्षीय सुनील कुमार शर्मा की दो दिन बाद गंडक नदी के सलेमपुर घाट से लाश बरामद हुई।
घटना की शुरुआत 6 सितंबर की शाम करीब चार बजे हुई, जब असनंद टोला निवासी सुनील अपने गांव के ही एक दोस्त विजय कुमार सिंह के साथ घर से निकला था। विजय तो देर शाम वापस लौट आया, लेकिन सुनील का कोई पता नहीं चला। जब अगले दिन भी सुनील नहीं लौटा, तो उसके बड़े भाई सुधीर शर्मा ने विजय से पूछताछ की। विजय ने तब यह राज खोला कि सुनील अपनी कथित गर्लफ्रेंड के साथ उसका जन्मदिन मनाने गया था।
किसी को यह अंदेशा नहीं था कि यह उसकी जिंदगी की आखिरी शाम साबित होगी। जब वह देर रात तक वापस नहीं लौटा, तो परिवार की चिंता बढ़ी। भाई की खोजबीन और पुलिस में अपहरण का मुकदमा दर्ज होने के बाद, दो दिनों के भीतर गंडक नदी के सलेमपुर घाट से सुनील का शव बरामद हुआ। इस दुखद घटना ने न सिर्फ एक हंसते-खेलते परिवार को उजाड़ दिया है, बल्कि रिश्तों में बढ़ती धोखेबाजी और आपराधिक प्रवृत्ति पर भी गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
सुनील का कई दिनों तक सुराग न मिलने पर परिजनों ने उचकागांव थाने में अपहरण का मामला दर्ज कराया, जिसमें दोस्त विजय और बंकीखाल निवासी 25 वर्षीय रंजीता कुमारी (प्रेमिका) को नामजद किया गया। पुलिस ने तकनीकी और जमीनी साक्ष्यों के आधार पर इस हत्याकांड की गुत्थी सुलझा ली है और आरोपियों को सलाखों के पीछे भेज दिया है। पुलिस ने तकनीकी जांच और छानबीन के आधार पर इस ब्लाइंड मर्डर मिस्ट्री का पर्दाफाश कर दिया है। लापता होने के दो दिन बाद सिधवलिया थाना क्षेत्र स्थित गंडक नदी के सलेमपुर घाट से सुनील का शव मिला था, जिसकी शिनाख्त के बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी गर्लफ्रेंड सहित तीन लोगों को गिरफ्तार कर लिया है और उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।
यह घटना आज की युवा पीढ़ी के लिए एक गंभीर चेतावनी और सबक है। मोबाइल पर होने वाली अनजाने लोगों से बातचीत और बिना सोचे-समझे किसी के बुलावे पर चले जाना कितना खतरनाक हो सकता है, इसकी बानगी गोपालगंज के उचकागांव में देखने को मिली।