नवबिहार टाइम्स ब्यूरो
मुजफ्फरपुर। पटना से नई दिल्ली जाने वाली हाई-प्रोफाइल संपूर्ण क्रांति एक्सप्रेस 12393 में बुधवार देर रात एक आम यात्री की तरह जनरल कोच में सफर कर रहे 23 वर्षीय युवक के काले बैग ने सुरक्षा एजेंसियों के भी होश उड़ा दिए। पंडित दीनदयाल उपाध्याय (डीडीयू) जंक्शन के प्लेटफार्म नंबर-3 पर जब जीआरपी और आरपीएफ की संयुक्त टीम ने नियमित चेकिंग के दौरान उस युवक को दबोचा, तो उसके बैग से पूरे 43 लाख रुपये नकद बरामद हुए।
सीओ कुंवर प्रभात सिंह ने बताया कि जीआरपी निरीक्षक सुनील कुमार सिंह और आरपीएफ निरीक्षक अनीता कुमारी के नेतृत्व में टीम स्टेशन पर जांच कर रही थी। रात 10:28 बजे प्लेटफार्म नंबर तीन पर पहुंची संपूर्ण क्रांति एक्सप्रेस के जनरल कोच की जांच की गई तो काले रंग का बैग लेकर जा रहे एक युवक पर संदेह हुआ। पूछताछ में युवक ने अपना नाम आलोक कुमार साह, निवासी मकरेदपुर, थाना गायघाट, जिला मुजफ्फरपुर, बिहार बताया। टीम ने उसके बैग की तलाशी ली तो 43 लाख रुपये बरामद हुए। कार्रवाई में जीआरपी थाना डीडीयू के उपनिरीक्षक स्वतंत्र सिंह और अविनाश त्रिपाठी तथा आरपीएफ पोस्ट के उपनिरीक्षक अरविंद कुमार यादव प्रमुख रूप से शामिल रहे। संयुक्त टीम की कार्रवाई के बाद मामले की आगे की जांच आयकर विभाग के स्तर पर की जा रही है।
इतनी बड़ी रकम के बारे में पूछताछ करने पर युवक संतोषजनक जवाब नहीं दे सका। पुलिस ने रुपये से संबंधित कागजात मांगे, लेकिन वह कोई दस्तावेज भी नहीं दे सका। इसके बाद आयकर विभाग, वाराणसी की टीम को बुलाकर पुलिस ने युवक और बरामद 43 लाख रुपये सुपुर्द कर दिए। सीओ ने बताया कि हवाला कारोबार से मामला जुड़ा होने की आशंका है। आगे की जांच और कार्रवाई आयकर विभाग की टीम करेगी।
एजेंसियों को अंदेशा है कि यह खेप किसी बड़े हवाला नेटवर्क से जुड़ी हो सकती है। फिलहाल, जीआरपी ने तत्परता दिखाते हुए आरोपी युवक और उस ‘संदिग्ध’ नकदी को आगे की गहन छानबीन के लिए आयकर विभाग (वाराणसी) की टीम के हवाले कर दिया