नवबिहार टाइम्स ब्यूरो
मुंबई/काठमांडू। नेपाल में आई विनाशकारी बाढ़ और ग्लेशियर हादसे ने पूरे देश में तबाही मचा दी है। हजारों लोग लापता हैं, सड़कें और पुल टूट चुके हैं, और बचाव दल दूर-दराज के इलाकों में पहुंचने के लिए संघर्ष कर रहे हैं। इस प्राकृतिक आपदा की तस्वीरों ने बॉलीवुड को भी भावुक कर दिया है।
गोविंदा की पत्नी सुनीता आहूजा ने नेपाल की स्थिति पर गहरा दुख जताया है। उन्होंने कहा कि नेपाल उनके लिए सिर्फ एक पड़ोसी देश नहीं, बल्कि मातृभूमि जैसा है। नेपाल में है सुनीता का ननिहाल।दरअसल, सुनीता का नेपाल से पारिवारिक रिश्ता है। उनकी मां और नानी मूल रूप से काठमांडू, नेपाल की रहने वाली हैं। इसी वजह से उनका जुड़ाव काफी पुराना और भावनात्मक है। सुनीता हर साल नए साल के मौके पर अपनी बेटी के साथ नेपाल जाती रही हैं।
मौजूदा हालात को देखते हुए सुनीता ने कहा है कि वह अपनी क्षमता के मुताबिक राहत कार्यों में योगदान देना चाहती हैं। उनके लिए यह सिर्फ एक आपदा नहीं, बल्कि उस जगह का दर्द है जिससे उनका परिवार पीढ़ियों से जुड़ा है।
वहीं नेपाली मूल की बॉलीवुड अभिनेत्री मनीषा कोइराला भी इस त्रासदी को लेकर बेहद भावुक नजर आईं। एक कार्यक्रम में उन्होंने कहा कि इस दर्द को शब्दों में बयान करना मुश्किल है। मनीषा ने भारत, चीन और नेपाल से अपील की है कि जलवायु परिवर्तन जैसी चुनौतियों से मिलकर निपटा जाए। उन्होंने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से नेपाल की मदद जारी रखने की भी अपील की।
मनीषा ने खास तौर पर कहा कि नेपाल को इस मुश्किल घड़ी में पर्यटकों की सबसे ज्यादा जरूरत है। क्योंकि पर्यटन नेपाल की अर्थव्यवस्था और लाखों लोगों की आजीविका का सबसे बड़ा सहारा है। नेपाल को सिर्फ आपदा वाले देश के तौर पर नहीं, बल्कि उसकी खूबसूरत हिमालयी वादियों, संस्कृति और परंपराओं के लिए भी याद रखा जाना चाहिए।
खबरों के मुताबिक बाढ़ और ग्लेशियर से जुड़ी घटनाओं में भारी जनहानि हुई है। कई जगह बुनियादी ढांचा पूरी तरह तबाह होने से राहत अभियान में काफी मुश्किलें आ रही हैं। ऐसे समय में सुनीता और मनीषा की अपील ने नेपाल के साथ भारत के भावनात्मक रिश्ते को फिर से मजबूत किया है।