नवबिहार टाइम्स ब्यूरो
औरंगाबाद। आज जिला पदाधिकारी अभिलाषा शर्मा द्वारा मदनपुर प्रखंड अंतर्गत स्थित ऐतिहासिक एवं धार्मिक महत्व के उमंगेश्वरी तालाब का स्थलीय निरीक्षण किया गया। यह निरीक्षण उक्त तालाब को पर्यटन की दृष्टि से विकसित किए जाने की संभावनाओं के आकलन के उद्देश्य से किया गया।
निरीक्षण के क्रम में जिला पदाधिकारी द्वारा उमंगेश्वरी तालाब की वर्तमान भौतिक स्थिति, जल क्षेत्र का विस्तार, तालाब तक पहुंचने के लिए उपलब्ध संपर्क पथ, प्राकृतिक सौंदर्य तथा आसपास विद्यमान आधारभूत संरचनाओं का विस्तृत अवलोकन किया गया। साथ ही, तालाब के सौंदर्यीकरण, स्वच्छता व्यवस्था, पर्यटक सुविधाओं के विकास एवं पर्यावरण संरक्षण से संबंधित पहलुओं पर भी विचार-विमर्श किया गया।
इस अवसर पर जिला पदाधिकारी द्वारा जिला योजना पदाधिकारी को निर्देशित किया गया कि संबंधित विभागों के साथ समन्वय स्थापित करते हुए तालाब को एक सुव्यवस्थित, आकर्षक एवं पर्यावरण-अनुकूल पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने हेतु एक समग्र, व्यावहारिक एवं चरणबद्ध कार्ययोजना यथाशीघ्र तैयार की जाए। उन्होंने यह भी कहा कि प्रस्तावित योजना में स्थानीय लोगों की सहभागिता, रोजगार सृजन की संभावनाओं तथा क्षेत्रीय आर्थिक विकास को विशेष रूप से शामिल किया जाए।
जिला पदाधिकारी ने विशेष रूप से निर्देश दिया कि उमंगेश्वरी तालाब क्षेत्र को इको-टूरिज्म एवं इको-स्पोर्ट्स हब के रूप में विकसित करने की दिशा में कार्य किया जाए, ताकि प्राकृतिक वातावरण को संरक्षित रखते हुए यहां पर्यटकों एवं युवाओं के लिए आकर्षक गतिविधियों का विकास किया जा सके। इसके अंतर्गत नौकायन, प्रकृति भ्रमण, ओपन स्पेस गतिविधियां तथा पर्यावरण-अनुकूल पर्यटन सुविधाओं के विकास की संभावनाओं पर भी विचार करने का निर्देश दिया गया।
जिला पदाधिकारी ने कहा कि ऐसे जलस्रोतों का संरक्षण एवं विकास न केवल पर्यटन को बढ़ावा देने में सहायक होगा, बल्कि इससे पर्यावरण संतुलन बनाए रखने के साथ-साथ ग्रामीण क्षेत्रों के समग्र विकास को भी गति मिलेगी।
निरीक्षण के दौरान सदर अनुमंडल पदाधिकारी संतन कुमार सिंह, जिला योजना पदाधिकारी अविनाश प्रकाश, प्रखंड विकास पदाधिकारी मदनपुर, अंचल अधिकारी मदनपुर सहित अन्य संबंधित पदाधिकारी उपस्थित थे।